Teerth Yatra

अमरनाथ यात्रा कैसे करें : जम्मू से अमरनाथ गुफा तक कैसे पहुंचे, जानें इस आर्टिकल में विस्तार से

अमरनाथ गुफा (Amarnath Cave) जम्मू-कश्मीर के पहलगाम क्षेत्र में स्थित है और यह हिन्दू धर्म के सबसे पवित्र तीर्थस्थलों में से एक है। इस गुफा में प्राकृतिक रूप से बर्फ से बना हुआ शिवलिंग होता है, जिसे “बाबा बर्फानी” के नाम से जाना जाता है। ऐसा माना जाता है कि यहीं भगवान शिव ने माता पार्वती को अमर कथा सुनाई थी।

1. जम्मू से पहलगाम होते हुए अमरनाथ गुफा तक – (Jammu – Pahalgam – Amarnath Holy Cave)

जम्मू से पहलगाम (315 किमी):

इस दूरी को आप टैक्सी या बस से तय कर सकते हैं, जो जम्मू के Tourist Reception Centre, Raghunath Bazaar से सुबह के समय मिलती हैं। एक और विकल्प है कि आप फ्लाइट से श्रीनगर जाएं और वहां से सड़क मार्ग से पहलगाम पहुंचें।

पहलगाम से अमरनाथ गुफा तक का सफर || The journey from Pahalgam to the Amarnath Cave

Pahalgam

श्रीनगर से 96 किमी दूर स्थित यह जगह बेहद सुंदर है। यहां लिद्दर और अरु नदियां और ऊँचे पहाड़ चारों ओर फैले हैं। यहां अच्छे होटल हैं और नुनवान यात्रा कैंप में फ्री लंगर (भोजन) की व्यवस्था एनजीओ द्वारा की जाती है। पहली रात यात्री यहीं रुकते हैं।

Chandanwadi

पहलगाम से 16 किमी दूर चंदनवाड़ी तक मिनी बसें चलती हैं। यह रास्ता लिद्दर नदी के किनारे से जाता है और बेहद सुंदर होता है। रास्ते में कई लंगर भी मिलते हैं।

Flea top

यह एक ऊंचा स्थान है जहां एक मान्यता के अनुसार देवताओं और राक्षसों के युद्ध के बाद राक्षसों के शवों से यह पहाड़ बना।

Sheshnag

यह एक झील और पर्वत श्रृंखला है, जिसका नाम इसके सात शिखरों पर रखा गया है जो नाग के सात फनों जैसे दिखते हैं। दूसरी रात का ठहराव शेषनाग कैंप में होता है।

Panchatarni

यहां पहुंचने के लिए महागुणस पास (4276 मीटर) पार करना होता है। यह रास्ता कठिन होता है और ठंडी हवाएं चलती हैं, इसलिए Woolens और Vaseline साथ रखें। यहां ऑक्सीजन की कमी और चक्कर आने जैसी दिक्कतें हो सकती हैं, इसलिए Dry Fruits, Lemon आदि साथ रखें और ज़रूरत पर मेडिकल पोस्ट पर जाएं। तीसरी रात यात्री पंचतरणी में रुकते हैं।

अमरनाथ पवित्र गुफा || Amarnath Holy Cave

गुफा की ओर जाते हुए अमरावती और पंचतरणी नदियों का संगम आता है। कुछ यात्री अमरावती में स्नान करते हैं। यहां शिवलिंग के साथ माता पार्वती और भगवान गणेश के छोटे-छोटे शिवलिंग भी होते हैं। अगर आप सुबह जल्दी Darshan कर लेते हैं, तो उसी दिन पंचतरणी लौट सकते हैं।

2. जम्मू से बालटाल होते हुए अमरनाथ गुफा तक – (Jammu – Baltal – Holy Cave)

श्रीनगर – सोनमर्ग – बालटाल

जम्मू से पहले श्रीनगर और फिर सोनमर्ग होते हुए बालटाल तक सड़क मार्ग से जाना होता है।

बालटाल से अमरनाथ गुफा (14 किमी ट्रैक)

यह एक तीखा और कठिन ट्रैक है, जहां Ponies और Palkis किराए पर लिए जा सकते हैं। जो लोग शारीरिक रूप से फिट हैं, वे एक ही दिन में गुफा तक जाकर वापस लौट सकते हैं। बालटाल का रास्ता छोटा है, इसलिए यह काफी लोकप्रिय है।

 

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