Dhanteras: Don't shop at this time on the day of Dhanteras
Dhanteras: धनतेरस प्रकाश के त्योहार की शुरुआत का प्रतीक है और धनत्रयोदशी के रूप में भी जाना जाता है. इस शुभ दिन पर भगवान कुबेर, भगवान धनवंतरी, यमराज, और देवी लक्ष्मी की पूजा की जाती है. इस साल धनतेरस 13 नवंबर को मनाया जाएगा.
धनतेरस पर, लोग रात में अपने घरों के बाहर यम दीपम जलाते हैं. पौराणिक कथाओं के अनुसार, त्रयोदशी के दिन ऐसा करने से मृत्यु के देवता यमराज का वध हो सकता है. पौराणिक कथाओं में यह भी कहा गया है कि धनतेरस पर, देवी लक्ष्मी भगवान कुबेर के साथ समुद्रमंथन के दौरान उभरीं, जिन्हें धन के देवता के रूप में भी जाना जाता है.
इसीलिए इस दिन उन्हें प्रार्थना अर्पित करने से आपके परिवार में धन की वर्षा हो सकती है. ऐसा माना जाता है कि धनतेरस पर नए बर्तन और आभूषण या सोने के सिक्के खरीदने से आपके परिवार में खुशहाली आती है. कुछ लोग धतनतेरस पर इलेक्ट्रॉनिक सामान और वाहन भी खरीदते हैं.
Dhanteras : धनतेरस के दिन खरीदें ये चीजें, हो जाएंगे मालामाल
इस वर्ष त्रयोदशी तिथि का शुभारंभ गुरुवार, 12 नवंबर की रात्रि 9:30 बजे से हो रहा है. जो शुक्रवार 13 नवंबर की संध्या करीब 6:00 बजे तक रहेगी. इसलिए 12 नवंबर की रात्रि 9:30 बजे के बाद से धनतेरस को लेकर खरीदारी की जा सकती है.
12 नवंबर को खरीदारी के लिए शुभ मुहूर्त रात्रि 11:30 से 1:07 बजे और रात्रि 2:45 से अगले दिन सुबह 5:57 तक है. वास्तव में धनतेरस में उदयाकालीन तिथि लेना श्रेयस्कर माना जाता है, जो कि शुक्रवार,13 नवंबर को है. 13 नवंबर को खरीदारी के लिए शुभ मुहूर्त सुबह 5:59 से 10:06 बजे, 11:08 से 12:51 बजे और दिवा 3:38 से शाम 5:00 बजे तक है.
Dhanteras : धनतेरस के दिन भूलकर भी न खरीदें ये वस्तुएं, माना जाता है अशुभ
धनतेरस के शुभ मुहूर्त
12 नवंबर
रात्रि 11:30 से 1:07 बजे तक
13 नवंबर
सुबह 5:59 से 10:06 बजे,
11:08 से 12:51 बजे
दिवा 3:38 से संध्या 5:00 बजे तक
Delhi University U special bus Service : दिल्ली सरकार ने 28 अगस्त 2025 को से… Read More
Vaishno Devi landslide : जम्मू और कश्मीर (J&K) के रियासी जिले में श्री माता वैष्णो… Read More
श्री माता वैष्णो देवी की यात्रा मार्ग पर अर्धकुवारी में हुए भयंकर लैंडस्लाइड के कारण… Read More
Delhi Metro Fare Hike 2025: दिल्ली मेट्रो ने एक बार फिर से किराया बढ़ा दिया… Read More
भारत की राजधानी दिल्ली केवल राजनीति और आधुनिकता के लिए ही नहीं, बल्कि अपनी ऐतिहासिक… Read More