Ram ki Paidi in Ayodhya – यहीं है Ram Ghat, Laxman Ghat, जानें Aarti Timings और Darshan Niyam

Ram Ghat, Laxman Ghat and Saryu Ghat, Ram ki Paidi Ayodhya – अयोध्या, भारत के मानचित्र पर एक ऐसा स्थल है, जिसके बिना भारतीय संस्कृति, भारतीय दर्शन और भारतीय परंपराओं की बात अधूरी होगी. काशी, मथुरा के साथ अयोध्या उत्तर प्रदेश की झोली में एक ऐसा नगीना है जो भगवानों के जन्म से जुड़े इस राज्य की धरती को और समृद्ध कर देता है. अयोध्या घूमने ( Ayodhya Tours ) की ख्वाहिश किस भारतीय की नहीं होगी. चार धाम की यात्रा ( Char Dham Yatra ) की बात हो, तिरुपति बालाजी ( Tirupati Balaji ) हों, द्वारका हो (Dwarka), सोमनाथ यात्रा हो ( Somnath Yatra ), मथुरा की यात्रा हो ( Mathura Travel ), शिव के ज्योतिर्लिंग ( SHiv Jyotirling ) हों या फिर कोई और जगह, अयोध्या का मोती भारत के इन तीर्थ स्थलों की माला को पूरा कर देता है.

भारत में करोड़ों श्रद्धालु ऐसे हैं जो अयोध्या घूमने की ख्वाहिश रखते हैं लेकिन उन्हें अयोध्या की यात्रा से जुड़ी जानकारी नहीं मिल पाती है. जिस वजह से उनकी यात्रा सही प्रकार से पूरी नहीं हो पाती है. अयोध्या से जुड़े अपने आर्टिकल में हम आपको, अयोध्या में कौन कौन से टूरिस्ट डेस्टिनेशन ऐसे हैं, जहां आप घूम सकते हैं, इसकी जानकारी दे चुके हैं. इसके साथ ही, हनुमान गढ़ी, दशरथ महल, इत्यादि जगहों के बारे में भी हम आपको विस्तार से बता चुके हैं.

 

Ram Ghat in Ayodhya | Ram ki Paidi in Ayodhya

 

अयोध्या की यात्रा से जुड़ी जानकारियां आपसे साझा करने के इस क्रम में आज हम लेकर आए हैं, राम की पैड़ी ( Ram ki Paidi Ayodhya ) यानि की राम घाट ( Ram Ghat ) की जानकारी. अयोध्या से जुड़ी सबसे सुंदर तस्वीरों में से एक तस्वीर है राम घाट ( Ram ki Paidi Ayodhya ) की. अब तो नये घाट ( Ram ki Paidi Ayodhya ) ने इसकी आभा और भी बढ़ा दी है. सुंदर रोशनी, आर्टिफिशियल लाइटिंग, दीयों की झिलमिलाहट और पूर्वांचल के रंग से यहां की जो शोभा बनती है, उसे इस आर्टिकल के जरिए आपको बता पाना नामुमकिन ही समझिए.

Dashrath Mahal in Ayodhya : जहां जन्में श्रीराम, वो दशरथ महल आज दिखता कैसा है

फिर भी, राम घाट या राम की पैड़ी ( Ram ki Paidi Ayodhya ) से जुडी जो जानकारी हम आपसे साझा करने जा रहे हैं, वह अयोध्या ट्रिप में आपके बेहद काम आने वाली है. जान लीजिए, सफर में जानकारी का एक एक तिनका कीमती होता है और यह तो पूरी खान है आपके लिए. अयोध्या में राम जन्मभूमि के दर्शन के लिए जो भी पर्यटक इस धर्मस्थली पर आएं उन सभी को ये आर्टिकल पढ़ना चाहिए.

अयोध्या में पांच मुख्य मंदिर हैं, कनक भवन, दशरथ गद्दी, राम कचेरी, राम जन्मभूमि, हनुमान गढ़ी. परंपरा रही है कि अयोध्या आने वाले श्रद्धालु राम घाट पर बह रही सरयू नदी में डुबकी लगाकर ही अयोध्या के इन पांच मंदिरों में दर्शन करते हैं. वैसे तो अयोध्या में ग्यारह हजार मंदिर हैं और 365 घाट हैं. लेकिन इन सभी के दर्शन कर पाना तो हर किसी के लिए संभव है नहीं. इसलिए ये नियम ही लोकप्रिय रहा है.

Laxman Ghat in Ayodhya

राम घाट के बराबर ही है लक्ष्मण घाट. लक्ष्मण घाट बीचों बीच बने पुल के बाईं ओर है और राम घाट दाईं ओर. आप चाहें तो स्नान के बाद यहां कुछ पल सुकून से भी बिता सकते हैं. राम घाट के साथ ही लगने वाले लक्ष्मण घाट पर आपको जगह जगह पंडा बैठे हुए भी मिल जाएंगे. शाम को आरती भी यहीं पर होती है. आप उसका आनंद भी लेना न भूलें.

Ayodhya Tour Guide in Hindi – श्रीराम जन्मभूमि के अलावा ये हैं अयोध्या के Best Tourist Spots

Boating Ride in Saryu

अगर आप बोटिंग का मजा लेना चाहते हैं तो आपके लिए नौकायन की सुविधा भी राम घाट और लक्ष्मण घाट पर मिल जाएगी. विशाल पतित पावनी मां सरयू के बीचों बीच जाकर उसके जल को स्पर्श करने का अलग ही मजा है. अयोध्या में अगर आप सरयू में बोटिंग करते हैं तो मछलियों के लिए आहार भी जरूर ले जाएं.

Aarti Timings in Ayodhya ( Saryu Ghat – Ram Ghat – Laxman Ghat )

अगर आप संध्याकालीन आरती का आनंद लेना चाहते हैं तो शाम के 6 बजे यहां पहुंच जाएं. हर घाट पर आपको घंटालों की गूंज और आरती के झूमते बड़े बड़े दीये नजर आ जाएंगे. आरती के इन मनभावन वक्त का आनंद तब और बढ़ जाता है जब आप नाव की सवारी करते हुए सरयू के बीच से उसे देखते हैं.

Hanumangarhi Mandir – मुस्लिम शासक शुजाउद्दौला ने बनाया था मंदिर, हनुमान यहीं से करते थे अयोध्या की पहरेदारी

अवधपुरी सम प्रिय नहिं सोऊ।
यह प्रसंग जानइ कोउ कोऊ॥

भावार्थ :
अवधपुरी के समान मुझे वह भी प्रिय नहीं है।
यह बात (भेद) कई-कोई (बिरले ही) जानते हैं॥२॥

जन्मभूमि मम पुरी सुहावनि।
उत्तर दिसि बह सरजू पावनि॥
जा मज्जन ते बिनहिं प्रयासा।
मम समीप नर पावहिं बासा॥३॥

भावार्थ :
यह सुहावनी पुरी मेरी जन्मभूमि है।
इसके उत्तर दिशा में जीवों को पवित्र करने वाली सरयू नदी बहती है, जिसमें स्नान करने से मनुष्य बिना ही परिश्रम मेरे समीप निवास (सामीप्य मुक्ति) पा जाते हैं॥३॥