Vande Bharat Sleeper Coaches
Vande Bharat Sleeper Coaches : देश में वंदे भारत ट्रेन का स्लीपर वर्जन 2024 के मार्च तक पटरियों पर दौड़ती नजर आ सकती है. केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने 3 अक्टूबर की रात 9:44 पर सोशल मीडिया पर इस ट्रेन के कॉन्सेप्ट की 7 फोटोज शेयर कीं. इसके साथ ही कैप्शन में लिखा- वंदे भारत का स्लीपर वर्जन जल्द ही आ रहा है. 2024 की शुरुआत में. वर्ल्ड क्लास फीचर वाले एसी-टू और एसी-थ्री टियर कोच में रूफ लाइटिंग और बर्थ में चढ़ने के लिए 5 स्टेप वाली सीढ़ी भी होगी संभावना है कि अगले साल 10 वंदे भारत स्लीपर ट्रेन चलेंगी. स्लीपर वंदे भारत में यात्रियों के लिए कुल 823 बर्थ और स्टाफ के लिए 34 बर्थ होंगी. हर कोच में चार के बजाय तीन शौचालय और एक मिनी पेंट्री होगी. केंद्रीय रेल मंत्री अश्विनी वैष्णव ने कहा कि स्लीपर-संस्करण वंदे भारत का प्रोटोटाइप दिसंबर 2023 में तैयार हो जाएगा और इसे मार्च 2024 में लॉन्च किया जाएगा.
वर्तमान में, बीईएमएल आईसीएफ के लिए 10 स्लीपर वंदे भारत ट्रेनों का निर्माण कर रहा है और डिजाइन को आईसीएफ के परामर्श से बीईएमएल द्वारा अंतिम रूप दिया गया है. वैष्णव ने बताया कि स्लीपर वंदे भारत ट्रेन के अंतिम डिजाइन में कई बदलाव हुए हैं. उन्होंने कहा, ”स्लीपर डिजाइन में संरचनात्मक बदलाव हुए क्योंकि क्षमता बढ़ाने की जरूरत थी.” वंदे भारत स्लीपर ट्रेनें भारतीय रेलवे के बेड़े में एक महत्वपूर्ण वृद्धि होगी, क्योंकि ये ट्रेनें रात भर में इन हाई-स्पीड ट्रेनों में यात्रियों को लंबी दूरी की यात्रा की सुविधा प्रदान करेंगी.
रेलवे ने टीएमएच-आरवीएनएल और बीएचईएल-टीटागढ़ वैगन्स के कंसोर्टियम को 200 स्लीपर वंदे भारत ट्रेनों के निर्माण का ठेका दिया है.रेल मंत्री ने कहा कि सभी स्लीपर वंदे भारत ट्रेनों का डिज़ाइन एक जैसा होगा, क्योंकि अंतिम डिज़ाइन टीएमएच और टीटागढ़ दोनों द्वारा अपनाया जाएगा. स्लीपर बर्थ को इस तरह से डिजाइन किया गया है कि यह अधिक आराम देता है. यहां तक कि ऊपरी बर्थ के लिए सीढ़ी को भी इस तरह डिजाइन किया गया है कि यात्री को इसका उपयोग करने और उस पर बैठने में आसानी हो. अब तक देश भर में बैठने की सुविधा वाली 33 वंदे भारत ट्रेनें चालू हैं.
बैठने की व्यवस्था के साथ कुल 75 वंदे भारत ट्रेनें होंगी. ये सभी 75 वंदे भारत ज्यादातर शताब्दी एक्सप्रेस मार्गों पर एक दिन की यात्रा के लिए चलाई जाएंगी. 75 के लक्ष्य तक पहुंचने के बाद बैठने की सुविधा वाली वंदे भारत ट्रेनों का निर्माण नहीं होगा.इसके अलावा, वंदे मेट्रो का प्रोटोटाइप भी इस साल दिसंबर में तैयार होने की उम्मीद है। मंत्री ने कहा, एक बार प्रोटोटाइप तैयार हो जाए तो यह अगले साल फरवरी में सामने आएगा. वंदे मेट्रो 12 कोच वाली ट्रेन होगी जिसका इस्तेमाल कम दूरी की यात्रा के लिए किया जाएगा.
मई और जून के महीनों में दिल्ली की गर्मी लोगों के लिए किसी परीक्षा से… Read More
PM मोदी का ऐलान: बलिया का सुरहा ताल बना भारत का 100वां रामसर स्थल, यहां… Read More
Whether you're a first-time solo traveller or an experienced backpacker, this Meghalaya travel guide will… Read More
Chikmagalur Tourist Places : चिकमगलूर में कौन से टूरिस्ट डैस्टिनेशंस हैं, आप क्या क्या कर… Read More
Lahaul and Spiti Visiting Place: लाहौल-स्पीति, हिमाचल प्रदेश का एक जिला है. ये दो घाटियां… Read More
Weight loss Tips : रसोई में ऐसी कई चीजें हैं जो सेहत के लिए बहुत… Read More