How to learn Car Driving : ड्राइविंग सीखने के आसान टिप्स, जिसे फॉलो करने के बाद आप बन जाएंगे परफेक्ट ड्राइवर

How to learn Car Driving : अगर आपको कार ड्राइविंग नहीं आती और आपको अपने लिए एक कार खरीदनी है तो ये आर्टिकल आपके लिए ही है. ड्राइविंग सीखना शुरुआत में थोड़ा मुश्किल हो सकता है, लेकिन कुछ टिप्स फॉलो की जाएं, (How to learn Car Driving) तो कम समय में बेहतरीन ड्राइविंग सीखी जा सकती है. आज हम आपको ड्राइविंग सीखने के बेहद आसान से टिप्स बताने जा रहे हैं, जिन्हें फॉलो करने के बाद आप कम समय में एक परफेक्ट ड्राइवर बन जाएंगे.

कार चलाना कैसे सीखें || Learn Car driving

1. कार का इंजन चालू करने से पहले अपनी सीट बेल्ट बांध ले.

2. कार के पार्ट्स को अच्छी तरह से समझने के बाद ही कार ड्राइव करें. कार में लगे हुए पार्ट्स या तो हाथ से चलाएं जाते हैं, या फिर उन्हें चलाने के लिए पैरों की जरूरत होती है. गियर , स्टीयरिंग , कार के लाइट्स , वाइपर और हैंड्स ब्रेक हाथ से चलने वाले पार्ट्स हैं. वहीं एक्सीलेटर ब्रेक और क्लच पैरों से चलने वाले पार्ट्स है.

3. कार में लगे हुए रेयर व्यू मिरर और विंग्स मिरर  को अच्छे से सेट कर ले.जिससे आप पीछे और अपने अगल बगल से आ रही गाड़ियों को देखने में आसानी हो.

4 . कार में लगी हुई सीट को भी आप अपनी हाइट और कंफर्ट के हिसाब से सेट कर ले.कार चलाते वक्त इस तरह से बैठना चाहिए कि आपको अपने गाड़ी के आगे पीछे दाएं बाएं हर तरफ देखने में सहूलियत हो.

5.अपनी गाड़ी का फ्यूल भी चेक करें. इसके साथ ही साथ टायर्स को भी चेक करें.

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6 . जब भी आप ड्राइविंग सीट पर बैठेंगे , तो नीचे की ओर आपको 3 पैडल दिखाई देंगे. ये पेडल ही पैरो से कंट्रोल होने वाले पार्ट्स हैं.

7 .राइट तरफ से देखेंगे , तो सबसे पहले एक्सीलेटर, फिर बीच में ब्रेक और लास्ट क्लच होता है. इसे याद रखने के लिए एबीसी भी कहते हैं. अब आप सोचेंगे की हमारे पास पैर तो दो हैं पर उनसे होने वाले काम 3 हैं. तो आप इस बात को गांठ बांध लो दोस्तो क्लच के लिए हमेशा लेफ्ट  पैर का प्रयोग करें.एक्सीलेटर और ब्रेक के लिए हमेशा दाएं पैर का प्रयोग करें.

8.गाड़ी को चालू किए बिना गियर की भी प्रैक्टिस कर ले. ऐसा करने से आपको गियर सिस्टम याद हो जाएंगे. गियर एक लिवर होता है , जिस पर नंबर लिखे होते हैं.

न्यूट्रल में आपकी गाड़ी आगे नहीं बढ़ती है.

गियर बदलने के लिए आपको अपने बाएं पैर से क्लच पेडल को पूरा दबा कर रखना है तब गियर चेंज करें.
अब आपको इस बात का ध्यान रखना है कि जैसे ही गियर चेंज करे वैसे ही धीरे धीरे बाएं पैर के प्रेशर को कम करते जाना है और दाएं पैर से एक्सीलेटर पर धीरे धीरे प्रेस करते जाना है. इससे आपकी गाड़ी आगे बढ़ेगी.

9. आजकल गाड़ियों में 6 गियर होते है , जिनमे से एक रिवर्स  है.

10. सबसे पहला गियर लगाने पर इंजन को ज्यादा ताकत लगाने की जरूरत होती है पर स्पीड कम होती है और 5 वां गियर लगाने पर गाड़ी के इंजन को कम ताकत लगती है. जब गाड़ी स्पीड में होती है तो हम 5th गियर लगाते हैं. अभी आप गाड़ी नई नई सीख रहे हैं इसलिए गाड़ी को स्पीड में चलाने की गलती ना करें. आपकी गाड़ी की स्पीड इतनी होनी चाहिए कि गाड़ी आपसे कंट्रोल में रहे.

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11 .अब बात करते हैं ब्रेक की. जब गाड़ी को रोकना होता है तो हम ब्रेक लगाते हैं. ब्रेक एक्सीलेटर और क्लच के बीच में होता है.

हमने इससे पहले आपसे हैंडब्रेक के बारे में भी बताया था पर चलती गाड़ी को रोकने के लिए हैंड ब्रेक का प्रयोग नहीं करते हैं जब कभी आप अपनी गाड़ी पार्क कर रहे हैं, तब हैंड ब्रेक का प्रयोग करते हैं. ड्राइविंग सीट के लेफ्ट साइड पर एक लीवर लगा होता है. यही हैंडब्रेक है.

12.  अभी तक आपको गाड़ी के इन पार्ट्स के बारे में जानकारी मिल चुकी है. आपको इन पार्ट्स को याद रखना होगा, ताकि जब भी आप गाड़ी चलाएं तो आपको याद रहे कि कौन सा पार्ट्स कब यूज करना है. हम आपको सलाह देंगे कि जब भी आप गाड़ी पहली बार चलाने जा रहे हैं, तो अपने साथ में एक अनुभवी व्यक्ति जिसकी ड्राइविंग अच्छी हो उनकी सहायता ले.

आजकल बहुत से ड्राइविंग स्कूल भी खुल चुके हैं, जहां गाड़ी चलाने का प्रशिक्षण दिया जाता है. अगर आपको गाड़ी के इन पार्ट्स के बारे में अच्छे से जानकारी होती है तो आप कंफ्यूज हुए बिना बहुत जल्दी गाड़ी चलाना सीख जायेंगे.

ड्राइविंग ज्यादातर लोगों, खासकर शुरुआती लोगों के लिए उत्साह की भावना लाता है. यह एक जीवन कौशल है जिसे प्रत्येक वयस्क सीखना चाहता है और हमारे दैनिक जीवन में अत्यंत उपयोगी है. हालांकि, वाहन चलाते समय लापरवाही और दुस्साहस चालक और अन्य वाहनों और सड़क पर लोगों की सुरक्षा को प्रभावित कर सकता है.

 

Komal Mishra

मैं कोमल... तो चलिए अपनी लेखनी से आपको घुमाती हूं... पहाड़ों की वादियों में और समंदर के किनारे

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